शामगढ़ (मन्दसौर) | मन्दसौर पुलिस ने 'ऑपरेशन मुस्कान' के तहत एक बड़ी सफलता अर्जित की है। थाना शामगढ़ पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए करीब 12 दिन पहले लापता हुई एक नाबालिग बालिका को गुजरात से सकुशल दस्तयाब (बरामद) कर उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया है।

क्या था पूरा मामला?

​बीती 18 जनवरी 2026 को शामगढ़ थाने पर एक फरियादी ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उनकी नाबालिग पुत्री को कोई अज्ञात व्यक्ति बहला-फुसलाकर ले गया है। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए BNS की धारा 137(2) के तहत अपहरण का प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की थी।

तकनीकी साक्ष्यों से मिला सुराग

​मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक श्री विनोद कुमार मीणा ने स्वयं संज्ञान लेकर दिशा-निर्देश जारी किए थे। एएसपी हेमलता कुरील और एसडीओपी दिनेश प्रजापति के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी उनि कपिल सौराष्ट्रीय ने एक विशेष टीम गठित की।

​पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों (साइबर सेल की मदद) और मुखबिरों से मिली सूचना का बारीकी से विश्लेषण किया। कड़ी से कड़ी जोड़ते हुए पुलिस टीम गुजरात पहुंची और 29 जनवरी को बालिका को सुरक्षित बरामद कर लिया। वैधानिक प्रक्रिया के बाद बालिका को उसके परिवार को सौंप दिया गया है।

पुलिस टीम की सराहना

​इस चुनौतीपूर्ण कार्य को सफलतापूर्वक अंजाम देने में थाना प्रभारी कपिल सौराष्ट्रीय और उनकी टीम का विशेष योगदान रहा। बालिका के सकुशल घर लौटने पर परिजनों ने पुलिस प्रशासन का आभार व्यक्त किया है।